01. सब दा मालिक कौन? (Who’s The Owner)

याद करने वाला वचन (Memory Verse) — भजन संहिता 24:1

धरती और उस में जो कुछ है सब प्रभु दा है, संसार और जितने भी उस में रहने वाले हैं सब उसी दे हैं।

कहानी (Story) — लूका 12:16-21

एक अमीर आदमी दी जमीन ने बहुत फसल दी।
उसने अपने मन में सोचा, “मैं क्या करां? मेरे कोल अपनी फसल रखने दी जगह नहीं।”

फिर उसने कहा, “मैं अपने पुराने कोठार तोड़ के बड़े बनावांगा, ते सारी फसल ओथे जमा करांगा। फिर मैं अपने आप नू कहांगा — अब तेरे कोल कई सालां वास्ते बहुत कुछ है। आराम कर, खा-पी ते खुश रह।”

पर परमेश्वर ने कहा, “ओ मूर्ख! आज ही तेरी जान ले ली जाएगी। फिर जो कुछ तू जमा किता, ओ किस दा होगा?”

इसी तरह ओ व्यक्ति है जो अपने वास्ते धन जमा करदा है पर परमेश्वर दे सामने अमीर नहीं बनदा।

पीछे देखो (Look Back)

  • तुस्सी प्रभु दी आज्ञा किवें मान रहे हो?

  • अस्सी इक-दूजे लिए किवें प्रार्थना कर सकदे हां?

  • अस्सी इक-दूजे दी सेवा किवें कर सकदे हां?

ऊपर देखो (Look Up)

  • वचन याद करो ते कहानी अपने शब्दां च सुनाओ।

  • भजन 24:1 अनुसार सब कुछ दा मालिक कौन है?

  • मेरे सामान दा मालिक कौन है?

  • अमीर आदमी सोचदा सी परमेश्वर मालिक है या ओ खुद?

  • ओ आदमी मूर्ख क्यों सी?

  • तुस्सी धरती ते अमीर बनना चाहोगे या स्वर्ग च?

  • अस्सी धरती ते खजाना किवें जमा करदे हां?

अग्गे देखो (Look Ahead)

  • वचन ते कहानी याद करो।

  • अस्सी अपना सामान इस्तेमाल करके परमेश्वर वल्ल अमीर किवें बन सकदे हां?

  • परमेश्वर दी दित्ती चीज़ां दूसर्यां नाल किवें बांट सकदे हां?

  • अस्सी यीशु दे होर चेले किवें बना सकदे हां?